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मेरा काम है रन बनाना, सेलेक्शन के बारे में नहीं सोचता – अभिमन्यु ईश्वरन

टेस्ट क्रिकेट में केएल राहुल के लगातार खराब प्रदर्शन के बाद भारतीय टीम ने सलामी बल्लेबाज का हल ढूंढ लिया है। रेड-बॉल क्रिकेट में सीमित ओवरों के स्टार रोहित शर्मा को जगह दी गई है, चयनकर्ताओं ने दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ आगामी घरेलू श्रृंखला में पारी का आगाज़ करने के लिए रोहित शर्मा के नाम पर मुहर लगा दी है। घरेलू क्रिकेट और इंडिया ए की ओर से लगातार बेहतरीन प्रदर्शन कर रहे युवा स्टार शुभमन गिल को पहली बार टेस्ट टीम में चुना गया है, जो काफी समय से चयनकर्ताओं के रडार पर थे। हालांकि इससे पहले सलामी बल्लेबाज की भूमिका के लिए दो खिलाड़ियों का नाम सामने आए थे जिनमें बंगाल के नवनियुक्त कप्तान अभिमन्यु ईश्वरन और गुजरात के प्रियांक पांचाल शामिल हैं।

अभिमन्यु ईश्वरन भले ही दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ भारतीय टीम में जगह नहीं बना पाए हो लेकिन वह भारत की बोर्ड प्रेसिडेंट टीम का हिस्सा हैं जो मेहमानों के खिलाफ तीन दिवसीय मैच, टेस्ट श्रृंखला से पहले खेलेगी।

घरेलू क्रिकेट और इंडिया ए की ओर से लगातार शानदार प्रदर्शन कर रहे अभिमन्यु ईश्वरन को इस बात से कोई फर्क नहीं पड़ता कि वह दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ सफेद जर्सी पहनने से वंचित रह गए। अभिमन्यु हर मौके को भुनाने और अपना शत-प्रतिशत देने में यकीन रखते हैं। उन्हें यकीन है कि अगर वह लगातार अच्छा प्रदर्शन करने में सफल रहे तो वह एक दिन सफेद और नीली जर्सी दोनों में अपने देश का प्रतिनिधित्व करेंगे।

बंगाल के युवा बल्लेबाज और कप्तान अभिमन्यु ईश्वरन ने 100MB स्पोर्ट्स से अपने सफर और लक्ष्य के बारे में खास बातचीत की है। पढ़िए उनका एक्सक्लूसिव इंटरव्यू –

सवाल – ऐसा माना जा रहा था कि दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ आपको टेस्ट टीम के लिए चुना जाएगा। लेकिन टीम में आपको नहीं चुने जाने पर आपकी क्या प्रतिक्रिया थी? क्या यह निराशाजनक था या इससे आप और अच्छा करने के लिए प्रेरित हुए ?

अभिमन्यु – मैं चयन के बारे में ज्यादा नहीं सोचता, क्योंकि ये चीजे़ं मेरे हाथ में नहीं है। टीम की जब घोषणा हुई, तब मेरा उस पर ध्यान नहीं था। वास्तव में मेरा परिवार और मेरे दोस्त ऐसी उम्मीद कर रहे थे, लेकिन मैं चयन के बारे में ज्यादा नहीं सोच रहा था। हां अगर मेरा चयन होता तो मैं खुश होता, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। ऐसे में आने वाले मुकाबलों में मैं और अच्छा करना चाहूंगा। मैंने बोर्ड प्रेसिडेंट एकादश की लिस्ट देखी जिसमें मेरा नाम है और मैं वहां अच्छा प्रदर्शन करने की सोच रहा हूं। मुझे अब तक जो भी मौके मिले, मैंने अच्छा करने की कोशिश की। ज्यादा से ज्यादा रन और बड़े प्रदर्शन करना ही मेरे हाथ में है। मैं अपना सर्वश्रेष्ठ देने की कोशिश करूंगा, जो मैं कर सकता हूं।

सवाल – शुभमन गिल, रुतुराज गायकवाड़, प्रियांक पांचाल जैसे खिलाड़ियों की कड़ी प्रतिस्पर्धा को देखते हुए आपको राष्ट्रीय टीम में जगह बनाना कितना मुश्किल लगता है?

अभिमन्यु – टीम में बढ़ती प्रतिस्पर्धा एक अच्छी बात है, जो हमें ज्यादा रन बनाने के लिए प्रेरित करती है। मैं दूसरों के बजाय खुद से अपनी तुलना करता हूं कि क्या मैं पहले से बेहतर हो रहा हूं। क्योंकि हरेक का खेलने का तरीका अलग है, मेरे लिए अपनी स्टाइल में बेहतर खेलना मायने रखता है। और यदि आप अपनी टीम के मैच जिताऊ खिलाड़ी बन पाते हैं, तो उससे अच्छा कुछ भी नहीं होता है। मैं खुद की तुलना दूसरों से करने के बजाय हर दिन अपने खेल में सुधार करने के बारे में सोचता हूं।

सवाल – वेस्टइंडीज जैसी कठिन परिस्थितियों में बल्लेबाजी करने के अपने अनुभव के बारे में बताएं ?

अभिमन्यु – वेस्टइंडीज में परिस्थितियां थोड़ी अलग थी, क्योंकि वहां ड्यूक बॉल से मुकाबले हुए थे, जो अन्य गेंदों से ज्यादा हार्ड होती है। जिससे मैच के पहले 15-20 ओवर में तेज गेंदबाजों को मदद मिलती है और मेरे हिसाब से वहां की विकेट भी अलग थी। इसके अलावा गेंदबाजों का माइंडसेट भी अलग था। अमूमन भारत में गेंदबाजों का ऐसा माइंडसेट नहीं होता है, यही चीजें वहां चुनौतीपूर्ण थीं। वहां की सबसे बड़ी चुनौती की बात करें तो कृत्रिम प्रकाश में लाल गेंद से 7-8 ओवर खेलना बहुत मुश्किल होता था। लेकिन सब मिलाकर ये बहुत अच्छा सीखने का अनुभव रहा, क्योंकि ऐसी चीजें टेस्ट क्रिकेट में हमें झेलनी होंगी और अगर आप इन सब चीजों से पहले निपट चुके हैं तो सफल होने के मौके बढ़ जाते हैं।

सवाल – एकदिवसीय क्रिकेट में भारतीय टीम का मध्यक्रम अभी भी थोड़ा अस्थिर है। यदि आपको मौका दिया जाता है, तो आपका एपरोच क्या होगा ?

अभिमन्यु – वैसे तो मुझे कोई फर्क नहीं पड़ता है, शीर्ष क्रम में मैं बतौर सलामी बल्लेबाज ज्यादा खेला हूं और मेरा प्रदर्शन भी अच्छा रहा है। लेकिन मुझे मौका मिला तो मैं मध्यक्रम में भी अच्छा खेल सकता हूं।

सवाल – आपकी बल्लेबाजी का सबसे महत्वपूर्ण पहलू क्या है जिसपर आपका हमेशा ध्यान रहता हैं ?

अभिमन्यु – मेरा ऐसा मानना है कि अगर मेरा शरीर अच्छा महसूस करता है, तो मैं अच्छी बल्लेबाजी कर सकता हूं। यही वजह है कि मैं अपनी फिटनेस पर हमेशा काम करता हूं। जब मैं फिट रहूंगा तब मैं अपना सर्वश्रेष्ठ लंबे समय तक दे सकता हूं। इसलिए ये बेहद महत्वपूर्ण चीज है, मेरी कोशिश रहती है कि मैं फिट रहूं और लगातार अपने खेल पर ध्यान दे सकूं।

सवाल – वर्तमान भारतीय टीम में आपके पसंदीदा खिलाड़ी कौन हैं ?

अभिमन्यु – मुझे विराट कोहली की बल्लेबाजी और मैदान पर उनका आक्रामक रवैया बहुत पसंद है। वहीं महेंद्र सिंह धोनी से मैं विषम परिस्थितियों में खुद को शांत बनाए रखना और फैसले लेने की कला सीखना चाहता हूं।

सवाल – पेस या स्पिन, आप किसका सामना करना पसंद करते हैं? आप किस अंतरराष्ट्रीय गेंदबाज के खिलाफ बल्लेबाजी करना पसंद करेंगे ?

अभिमन्यु – मैं तेज व स्पिन दोनों तरह के गेंदबाजों का सामना करना पसंद करूंगा। मुझे मौका मिलता तो मैं शेन वार्न को जरूर खेलना चाहता।

सवाल – आपका रोल मॉडल कौन है? आपकी अब तक की यात्रा में आपकी सबसे अधिक मदद किसने की है?

अभिमन्यु – मैंने जब से क्रिकेट खेलना शुरू किया है मेरे आदर्श राहुल द्रविड़ सर ही रहे हैं। मेरे परिवार में मेरे माता-पिता और मेरी बहन ने मुझे बहुत सहयोग दिया है। मैं कैसी भी विषम परिस्थिति में रहा, मेरे परिवार ने मेरा हौसला और मनोबल बढ़ाए रखा। ये लोग मेरे जीवन में सबसे अहम हैं, मेरे कोच अपूर्व देसाई ने मेरे खेल में काफी सुधार किया। उन्होंने मुझे बड़े टूर्नामेंट के लिए तैयार किया, वास्तव में मेरे परिवार और कोच का मेरी इस यात्रा में अहम योगदान रहा है।

सवाल –  आपको हाल ही में बंगाल टीम का कप्तान नियुक्त किया गया है, तो आगे क्या चुनौतियां होंगी?

अभिमन्यु – वास्तव में बंगाल का कप्तान बनाए जाने पर मैं बहुत खुश हूं। चयनकर्ताओं ने मुझे इस लायक समझा और मुझमें भरोसा जताया, ये मेरे लिए सम्मान की बात है। बंगाल की टीम अच्छी है और मैं इस चुनौती के लिए तैयार हूं। कुछ सीनियर खिलाड़ी टीम के लिए अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट खेल चुके हैं और कुछ नए लड़के आएंगे, जिससे एक बेहतरीन टीम तैयार होगी। हां मेरी जिम्मेदारी बढ़ गई है, लेकिन चुनौतियों से लड़ना मुझे आता है और मैं अपनी इस खास जिम्मेदारी का आनंद लूंगा। आशा है हम सब मिलकर टीम को मनचाही सफलता दिलाने में कामयाब होंगे।

सवाल – आईपीएल पर आपके क्या विचार हैं? आप किस फ्रैंचाइज़ी के लिए खेलना चाहेंगे ?

अभिमन्यु – वास्तव में मैं आईपीएल की किसी भी टीम का फैन नहीं हूं, लेकिन मेरी मां शाहरुख खान की फैन हैं और इसलिए वह केकेआर को पसंद करती हैं। आईपीएल युवाओं के लिए बहुत ही अच्छा मंच है। जहां दुनिया के सर्वश्रेष्ठ क्रिकेटर खेलते हैं, बहुत से युवा खिलाड़ियों ने आईपीएल में अच्छा प्रदर्शन करके राष्ट्रीय टीम में जगह बनाई है।

बता दें कि बंगाल के सलामी बल्लेबाज़ अभिमन्यु ईश्वरन ने फर्स्ट क्लास क्रिकेट के 52 मैचों में 49.59 की औसत से 4067 रन बनाए हैं। जिसमें 3 शतक और 17 अर्द्धशतक भी शामिल है। इस दौरान उनका सर्वोच्च स्कोर 233 रन रहा। वहीं लिस्ट ए क्रिकेट में उनका औसत 50 से भी अधिक है। उन्होंने हाल ही में आयोजित दलीप ट्रॉफी में इंडिया रेड की ओर से पहली पारी में 153 रन बनाए थे।

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