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पृथ्वी शॉ : बिहार से टीम इंडिया तक के सफर की पूरी कहानी

भारत के युवा सनसनी पृथ्वी पंकज शॉ का जन्म 9 नवंबर सन् 1999 में बिहार के गया में हुआ था। शॉ दाएं हाथ के सलामी बल्लेबाज हैं, उनकी कप्तानी में भारतीय टीम ने साल 2018 में हुए अंडर-19 विश्वकप में जीत दर्ज की थी। सचिन तेंदुलकर के बाद पृथ्वी शॉ भारत के दूसरे सबसे युवा बल्लेबाज हैं, जिसने टेस्ट क्रिकेट में शतक ठोका है। 4 अक्टूबर साल 2018 को शॉ ने अपने डेब्यू टेस्ट मैच में ही शतकीय पारी खेली थी। इस तरह ऐसा करने वाले सबसे युवा भारतीय हैं।

शुरूआती सफर व निजी जीवन

बिहार के गया में पैदा हुए शॉ के पिता का नाम पंकज गुप्ता है, जिन्होंने मुंबई आने के बाद अपना सरनेम शॉ कर लिया था। पृथ्वी के दादा का नाम अशोक गुप्ता है, उनके मुताबिक मानपुर में व्यापारिक नुकसान झेलने की वजह से पृथ्वी के पिता मुंबई काम की तलाश में आए थे। जहां साल 2010 में एएपी एटरटेनमेंट ने उन्हें और उनके पिता को मुंबई बुलाया। जिसकी मदद से शॉ को क्रिकेटिंग एजूकेशन मिली और बाद में उन्हें इंडियन ऑयल की तरफ से स्पॉन्सरशिप भी मिला।

शॉ के ऊपर एक डॉक्युमेंट्री बियॉन्ड ऑल बॉउंड्रीज भी बन चुकी है। इसके अलावा वह क्रिकेट की शिक्षा के लिए दो बार इंग्लैंड भी जा चुके हैं। इसके अलावा उन्हें क्रिकेट सामग्री बनाने वाली कंपनी एसजी ने 36 लाख रुपए का कॉन्ट्रैक्ट किया था। जो पहले सुनील गावस्कर, राहुल द्रविड़ और वीरेंद्र सहवगा जैसे दिग्गजों के साथ करार कर चुकी हैं।

घरेलू स्तर

पृथ्वी शॉ मिडिल इनकम ग्रुप क्रिकेट क्लब यानी एमआईजी के लिए मुंबई में खेलते थे और रिजवी स्प्रिंगफील्ड हाई स्कूल व मुंबई अंडर-16 टीम के कप्तान भी थे। साल 2013 में पृथ्वी ने सन् 1901 के बाद किसी भी तरह के आयोजित किए गए मैच में 546 रन की पारी खेली थी। ये मैच हैरिस शील्ड एलीट डिवीजन के तहत आयोजित हुआ था। हालांकि उनका ये रिकॉर्ड 4 जनवरी को प्रनव धनवाड़े ने तोड़ दिया था।

अर्जुन तेंदुलकर के साथ ले चुके हैं ट्रेनिंग

साल 2012 व 2013 में शॉ ने अपनी कप्तानी में रिजवी स्प्रिंगफील्ड को दो खिताब दिलाए। साल 2012 में उन्होंने सेमीफाइनल में 155 रन और फाइनल में 174 रन की पारी खेली थी। एमआई क्रिकेट क्लब में उनके साथ सचिन तेंदुलकर के बेटे अर्जुन तेंदुलकर भी ट्रेनिंग लेते थे।

इंग्लैंड छाए शॉ

अप्रैल साल 2012 में पृथ्वी शॉ इंग्लैंड में चैडल हम स्कूल, मैनचेस्टर के लिए खेलने के गए थे। जहां उन्होंने दो महीनों में 1446 रन बनाए, जिसमें अपने डेब्यू में उन्होंने शतकीय पारी खेली थी। उनका औसत 84 का था। इसके अलावा शॉ ने 68 विकेट भी लिए थे।

प्रथम श्रेणी में डेब्यू मुकाबले में ठोका शतक

पृथ्वी शॉ ने साल 2016-17 के रणजी ट्रॉफी सेमीफाइनल में मुंबई की तरफ से प्रथम श्रेणी क्रिकेट में डेब्यू किया था। जहां दूसरी पारी में शतकीय पारी खेलने की वजह से वह मैन ऑफ द मैच चुने गए। उसके बाद दिलीप टॉफी में शॉ ने डेब्यू मैच में ही शतक बनाया और सचिन तेंदुलकर के रिकॉर्ड की बराबरी की। दिसंबर साल 2017 में उन्हें भारतीय अंडर-19 टीम का कप्तान बनाया गया। उनकी कप्तानी में टीम इंडिया ने विश्वकप के फाइनल में ऑस्ट्रेलिया को 8 विकेट से मात देकर चौथी बार खिताब पर कब्जा किया।

8 महीने का लगा बैन

साल 2018 में जहां पृथ्वी शॉ को 5 ब्रेकआउट स्टार्स के रूप में आईसीसी ने चुना। वहीं साल 2019 की जुलाई में बीसीसीआई ने शॉ को डोपिंग नियमों का उल्लंघन करने के चलते 8 महीने के बैक-डेट बैन लगाया। शॉ ने प्रतिबंधित पदार्थ वाली कफ-सीरप दवा का इस्तेमाल किया था। सैयद मुश्ताक अली टूर्नामेंट के दौरान उनके यूरीन का सैंपल लिया गया था और वह दोषी पाए गए थे।

शॉ के बढ़ते कदम

लिस्ट ए में पृथ्वी शॉ ने साल 2016-17 विजय हजारे ट्रॉफी में किया था। 19 जून साल 2018 में शॉ ने लीसेस्टरशायर के खिलाफ अपना पहला लिस्ट ए शतक बनाया था। साल 2018 में देवधर ट्रॉफी के लिए उन्हें भारत ए टीम में भी चुना गया था।

आईपीएल में शॉ

साल 2018 में हुए आईपीएल नीलामी में पृथ्वी शॉ को दिल्ली डेयरडेविल्स(कैपिटल्स) ने 1.2 करोड़ रुपए में खरीदा था। वह 23 अप्रैल 2018 को सबसे कम उम्र में आईपीएल में पारी का आगाज करने वाले बल्लेबाज बने। अपने डेब्यू मैच में शॉ ने 10 गेंदों में ताबड़तोड़ 22 रनों की पारी खेली। साल 2018 में ही केकेआर के खिलाफ उन्होंने आईपीएल में पहला पचासा ठोका और उनकी 62 रन की पारी के बदौलत दिल्ली को 55 रनों से जीत हासिल हुई।

अंतरराष्ट्रीय करियर

अगस्त साल 2018 में पृथ्वी शॉ का चयन इंग्लैंड के खिलाफ अंतिम दो टेस्ट मैचों के लिए भारतीय टेस्ट टीम में हुआ था। जहां उन्हें खेलने का मौका नहीं मिला। साल 2018 सितंबर में उन्हें वेस्टइंडीज के खिलाफ टीम में शामिल किया गया। जहां उन्होंने 4 अक्टूबर 2018 को अपने डेब्यू मैच में ही शतक ठोक दिया। 18 वर्ष व 319 दिन की आयु में डेब्यू टेस्ट में शतक बनाने वाले वह सबसे युवा बल्लेबाज बने। इस टेस्ट सीरीज का दूसरा मुकाबला भारत 10 विकेटों से जीता और पृथ्वी शॉ मैन ऑफ द सीरीज चुने गए। 5 फरवरी साल 2020 को शॉ ने न्यूजीलैंड के खिलाफ अपने पहला वनडे मुकाबला खेला।

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Manoj Tiwari

The author Manoj Tiwari

100 MB Sports में कंटेट राइटर का पद संभालते हुए काम का लुत्फ उठा रहे हैं। कम बोलने में विश्वास और काम को ज्यादा तवज्जो देने में भरोसा रखते हैं। मुंबई में साल भर से ज्यादा समय बिता चुके हैं, शहर को लेकर खुद की अपनी राय रखते हैं। स्पोर्ट्स हमेशा से पसंदीदा बीट रही है, अपने करियर की पारी शुक्रवार मैगजीन से शुरू की, जो स्पोर्ट्सकीड़ा और स्पोर्ट्सवाला से होते हुए अब 100 MB Sports तक आ गयी है। बीच में हमने राजनीति से लेकर मनोरंजन और यात्रा बीट पर भी काम किया, लेकिन स्पोर्ट्स की भूख खत्म नहीं हुई। मायानगरी में जब काम नहीं कर रहे होते हैं, तो शहर घूम रहे होते हैं। अभी के लिए बस इतना ही। हमें और जानना है, तो लिखा हुआ पढ़ लीजिये।